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*मुख्यमंत्री धामी ने किया पिथौरागढ़ मेडिकल कॉलेज का स्थलीय निरीक्षण*  *इसी शैक्षणिक सत्र से मेडिकल कॉलेज में 50 MBBS सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया शुरू*
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मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में पत्रकारों के कल्याण एवं सम्मान के लिए महत्वपूर्ण निर्णय* *पत्रकार कल्याण कोष से चार दिवंगत पत्रकारों के आश्रितों को ₹5-₹5 लाख की आर्थिक सहायता की संस्तुति*
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मुख्यमंत्री ने गढ़वाली, कुमाऊँनी और जौनसारी लोकभाषाओं के वॉइस कलेक्शन पोर्टल का किया शुभारंभ*
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डीएम डॉ0 आशीष चौहान ने अधिकारियों, नगर निगम कर्मियों एवं विद्यालय की छात्राओं के साथ स्वयं उठाया कूड़ा, स्वच्छता का दिया संदेश*
मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने द टॉसब्रिज स्कूल के संस्कार दिवस समारोह में विद्यार्थियों को संस्कारों, अनुशासन और जीवन मूल्यों का महत्व समझाया।*
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मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दो अग्निवीरों के 40वीं वाहिनी पीएसी में समायोजन को दी मंजूरी* *सेवानिवृत्त होने वाले अग्निवीरों को मिलेगा सेवा का अवसर, उपलब्ध रिक्त पदों के सापेक्ष होगा समायोजन*

महाकुंभ में कई देशों की आबादी से ज्यादा लोगों ने किया स्नान, 65 करोड़ का आंकड़ा पार कर रचा इतिहास

महाकुंभ में कई देशों की आबादी से ज्यादा लोगों ने किया स्नान, 65 करोड़ का आंकड़ा पार कर रचा इतिहास

देश की लगभग आधी आबादी ने लगाई डुबकी

सीएम योगी की उम्मीदों के पार पहुंचा श्रद्धालुओं का आंकड़ा

प्रयागराज। तीर्थराज की धरती पर बीते 13 जनवरी से आयोजित हो रहे दिव्य-भव्य और सांस्कृतिक समागम महाकुंभ ने बुधवार को महाशिवरात्रि के अंतिम स्नान पर्व पर 65 करोड़ का आंकड़ा पार कर इतिहास रच दिया। महाशिवरात्रि के अंतिम स्नान पर्व पर सुबह आठ बजे तक ही लाखों लोगों ने स्नान कर इस महारिकॉर्ड को कायम किया। यह महाकुंभ श्रद्धालुओं की संख्या के लिहाज से इतिहास के पन्नों में दर्ज हो गया है। कुंभ ही नहीं, दुनिया के किसी भी आयोजन में आज तक एक साथ इतनी बड़ी संख्या में लोग नहीं जुटे हैं, जितने 45 दिनों के अंदर प्रयागराज में बनाए गए एक अस्थायी शहर में जुट गए।

यह संख्या कई देशों की आबादी से भी कई गुना ज्यादा है। 65 करोड़ से अधिक श्रद्धालुओं ने त्रिवेणी संगम में सनातन आस्था की पावन डुबकी लगाकर धार्मिक और सांस्कृतिक एकता की अद्वितीय मिसाल कायम की है। भारत की इस प्राचीन परंपरा ने अपनी दिव्यता और भव्यता से पूरी दुनिया को मंत्रमुग्ध कर दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के प्रयासों से यह संभव हो पाया है। 65 करोड़ श्रद्धालुओं के किसी एक स्थान पर जुटने का इतिहास में और कोई उदाहरण नहीं दिखता। सनातन के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था, दृढ़ निश्चय और विश्वास का ही यह फल है कि संगम तट पर इतना विशाल जनसमूह 45 दिनों में जमा हो गया। यदि इस संख्या की दुनिया भर के देशों की आबादी से तुलना की जाए तो कई देशों की आबादी इसमें समा जाएगी।

अमेरिका की दोगुनी से ज्यादा, पाकिस्तान की ढाई गुना से अधिक और रूस की चार गुनी से ज्यादा आबादी के बराबर श्रद्धालु यहां अब तक आ चुके हैं। यही नहीं, जापान की पांच गुनी आबादी, यूके की 10 गुनी से ज्यादा आबादी और फ्रांस की 15 गुनी से ज्यादा आबादी ने यहां आकर त्रिवेणी संगम में पावन डुबकी लगाई है। तीर्थराज प्रयागराज में आयोजित महाकुंभ में संख्या के लिहाज से भारत ही नहीं, बल्कि दुनिया भर में सनातन धर्म को मानने वाले करोड़ों श्रद्धालु स्नान कर चुके हैं। यदि देश की कुल जनसंख्या से स्नानार्थियों की तुलना की जाए तो इसके अनुसार भी लगभग 50 प्रतिशत भारत ने त्रिवेणी संगम में डुबकी लगा ली है।

 वहीं, अगर सनातन धर्मावलंबियों की बात करें तो देश के 60 प्रतिशत से ज्यादा और दुनिया के करीब 55 प्रतिशत सनातनी श्रद्धालुओं ने पावन स्नान कर लिया है। 45 दिन तक चले इस आयोजन में श्रद्धा की डुबकी लगाने के लिए दुनिया भर से श्रद्धालु जुटे हैं।  73 देशों के राजनयिकों के साथ भूटान नरेश नामग्याल वांगचुक समेत तमाम देशों के अतिथि यहां अमृत स्नान करने पहुंचे। यही नहीं, मां जानकी के मायके नेपाल के 50 लाख से अधिक लोग अब तक त्रिवेणी के पवित्र जल में स्नान कर महाकुंभ के साक्षी बन चुके हैं। इसके अलावा इटली, फ्रांस, यूके, पुर्तगाल, अमेरिका, इजराइल, ईरान, मॉरीसस समेत दुनिया के कोने-कोने से श्रद्धालु यहां पहुंचे हैं।

मां गंगा, मां यमुना और अदृश्य मां सरस्वती के पवित्र संगम में श्रद्धा और आस्था से ओत-प्रोत साधु-संतों, श्रद्धालुओं, स्नानार्थियों और गृहस्थों का स्नान अब उस शिखर के भी पार पहुंच गया है, जिसकी महाकुंभ से पहले ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उम्मीद जताई थी। सीएम योगी ने पहले ही अनुमान जताया था कि इस बार जो भव्य और दिव्य महाकुंभ का आयोजन हो रहा है वह स्नानार्थियों की संख्या का नया रिकॉर्ड स्थापित करेगा। उन्होंने शुरुआत में ही 45 करोड़ श्रद्धालुओं के आने की संभावना जताई थी। हालांकि, श्रद्धालुओं की संख्या सीएम योगी के अनुमान से भी आगे निकल गई। बीती 11 फरवरी को ही 45 करोड़ श्रद्धालुओं का आंकड़ा पार हो गया, जबकि 22 फरवरी को यह संख्या 60 करोड़ से भी ऊपर पहुंच गई। महाशिवरात्रि पर 65 करोड़ की संख्या पारकर इसने नया कीर्तिमान बना दिया।

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