Headline
मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना’ के द्वितीय चरण का मुख्यमंत्री ने किया शुभारंभ*
मुख्यमंत्री एकल महिला स्वरोजगार योजना’ के द्वितीय चरण का मुख्यमंत्री ने किया शुभारंभ*
मुख्यमंत्री ने किया ‘सेवा विधि‘ पुस्तक का विमोचन‘‘*
मुख्यमंत्री ने किया ‘सेवा विधि‘ पुस्तक का विमोचन‘‘*
आम महोत्सव कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने “बीज संजीवनी अभियान” का किया शुभारंभ*
आम महोत्सव कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने “बीज संजीवनी अभियान” का किया शुभारंभ*
विदेश में रोजगार उपलब्ध कराने की मुहिम बढ़ी आगे* *जापानी प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्रीय सेवायोजन कार्यालय एवं दून विश्वविद्यालय का किया भ्रमण*
मुख्य सचिव श्री आनन्द बर्द्धन ने सोमवार को सचिवालय में प्रदेश में ग्रोथ सेंटर्स की प्रगति के सम्बन्ध में सभी सम्बन्धित विभागों के साथ बैठक की
छात्र-छात्राओं की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी, देहरादून, डॉ आशीष चौहान ने दिए छुट्टी के आदेश, जानिए ये खबर
छात्र-छात्राओं की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए जिलाधिकारी, देहरादून, डॉ आशीष चौहान ने दिए छुट्टी के आदेश, जानिए ये खबर
रेल की रफ्तार के साथ विकास की उड़ान, फ्रीज जोन समीक्षा से पहाड़ों में खुल सकती हैं नई संभावनाएं* *धामी सरकार की पहल : सुरक्षा और विकास के बीच संतुलन तलाशने की कवायद*
मुख्यमंत्री ने केंद्रीय विद्युत मंत्री से ऊर्जा परियोजनाओं एवं पिटकुल की एडीबी सहायतित पारेषण परियोजना पर की चर्चा*
रेल की रफ्तार के साथ विकास की उड़ान, फ्रीज जोन समीक्षा से पहाड़ों में खुल सकती हैं नई संभावनाएं* *धामी सरकार की पहल : सुरक्षा और विकास के बीच संतुलन तलाशने की कवायद*

भारतीय संस्कृति और परंपराएं गुयाना में फल-फूल रही हैं- प्रधानमंत्री

भारतीय संस्कृति और परंपराएं गुयाना में फल-फूल रही हैं- प्रधानमंत्री

नई दिल्ली। भारत और गुयाना के बीच सांस्कृतिक संबंधों को और भी प्रगाढ़ बनाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज गुयाना के प्रसिद्ध सरस्वती विद्या निकेतन स्कूल का दौरा किया। इस दौरान, प्रधानमंत्री ने भारतीय संस्कृति और परंपराओं के प्रति गुयाना में बढ़ते हुए सम्मान और उनके फल-फूलने के बारे में अपनी बात साझा की।

प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी पोस्ट में लिखा, “गुयाना में भारतीय संस्कृति और परंपराएँ सचमुच फल-फूल रही हैं। मुझे एक ऐसे स्‍थल पर जाने का अवसर मिला है, जो सांस्कृतिक समागम और लोगों के बीच आपसी संपर्क को बढ़ावा देने में हमेशा अग्रणी रहा है – सरस्वती विद्या निकेतन स्कूल। मैं इस स्कूल के सभी सदस्यों की सराहना करता हूं और साथ ही स्वामी आकाशरानंद जी के नेतृत्व में किए गए प्रयासों की भी प्रशंसा करता हूं, जिन्होंने भारत और गुयाना के बीच सांस्कृतिक संबंधों को मजबूती प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।”

प्रधानमंत्री का यह बयान दोनों देशों के बीच मजबूत होते सांस्कृतिक और सामाजिक संबंधों का प्रतीक है, और इसने भारतीय समुदाय की सांस्कृतिक धरोहर को विदेशों में फैलाने में मदद करने के लिए किए गए योगदान की भी सराहना की है।

इस अवसर पर, प्रधानमंत्री ने स्वामी आकाशरानंद के अद्वितीय योगदान को भी मान्यता दी, जो गुयाना में भारतीय संस्कृति को फैलाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top