Headline
स्वास्थ्य मंत्री ने फार्मेसी अधिकारियों की समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों को दिये आवश्यक कार्यवाही के निर्देश*
पशुपालन तथा गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग विभाग के 101 नवनियुक्त कार्मिकों को मुख्यमंत्री ने प्रदान किए नियुक्ति पत्र*
पशुपालन तथा गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग विभाग के 101 नवनियुक्त कार्मिकों को मुख्यमंत्री ने प्रदान किए नियुक्ति पत्र*
*26 मदरसों को मुख्यमंत्री धामी ने प्रदान किए मान्यता प्रमाण-पत्र*  “ *आधुनिक शिक्षा से ही बच्चों का भविष्य बनेगा उज्ज्वल”*
*26 मदरसों को मुख्यमंत्री धामी ने प्रदान किए मान्यता प्रमाण-पत्र* “ *आधुनिक शिक्षा से ही बच्चों का भविष्य बनेगा उज्ज्वल”*
अहमदाबाद की धनगौरी बरोलिया ने सीएम धामी को भावुक पत्र के साथ भेजी राखी*
अहमदाबाद की धनगौरी बरोलिया ने सीएम धामी को भावुक पत्र के साथ भेजी राखी*
मुख्यमंत्री ने चम्पावत में किया ‘खेल महाकुम्भ-मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी-2026’ का शुभारम्भ*
मुख्यमंत्री ने चम्पावत में किया ‘खेल महाकुम्भ-मुख्यमंत्री चैम्पियनशिप ट्रॉफी-2026’ का शुभारम्भ*
ड्रग फ्री उत्तराखंड’ से ‘विकसित भारत 2047’ तक के विषय पर बनबसा में मुख्यमंत्री का युवाओं से संवाद*
ड्रग फ्री उत्तराखंड’ से ‘विकसित भारत 2047’ तक के विषय पर बनबसा में मुख्यमंत्री का युवाओं से संवाद*
विदेशों में रोजगार की संभावनाओं के अनुरूप राज्य के युवाओं को दिया जाए कौशल एवं भाषा प्रशिक्षण : मुख्यमंत्री
विदेशों में रोजगार की संभावनाओं के अनुरूप राज्य के युवाओं को दिया जाए कौशल एवं भाषा प्रशिक्षण : मुख्यमंत्री
धामी सरकार का ऋषिकेश के सुनियोजित विकास पर फोकस, महायोजना को अंतिम रूप देने की कवायद तेज*
साढ़े 6 लाख से अधिक महिलाएं उठाएंगी निशुल्क रोडवेज बस यात्रा का लाभ*
साढ़े 6 लाख से अधिक महिलाएं उठाएंगी निशुल्क रोडवेज बस यात्रा का लाभ*

स्वास्थ्य मंत्री ने फार्मेसी अधिकारियों की समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों को दिये आवश्यक कार्यवाही के निर्देश*

*स्वास्थ्य मंत्री ने फार्मेसी अधिकारियों की समस्याओं के समाधान के लिए अधिकारियों को दिये आवश्यक कार्यवाही के निर्देश*

प्रदेश के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री सुबोध उनियाल की अध्यक्षता में गुरूवार को सचिवालय में डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन की पांच सूत्रीय मांगों के संबंध में बैठक आयोजित की गई। बैठक में एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने अपनी मांगों को विस्तार से रखा। एसोसिएशन ने बताया कि मांगों पर अपेक्षित कार्यवाही न होने के कारण उनके द्वारा 17 अगस्त से चरणबद्ध आंदोलन शुरू किया जा रहा है।

एसोसिएशन की प्रमुख मांगों में 10 वर्ष की सेवा पूर्ण करने पर प्रथम पदोन्नति के पद का वेतनमान दिए जाने, स्वास्थ्य उपकेन्द्रों के लिए पूर्व में सृजित 391 फार्मेसी अधिकारी पदों को क्रियाशील किए जाने, फार्मेसी प्रैक्टिस रेगुलेशन-2015 लागू किए जाने, चिकित्सकों की अनुपस्थिति में निर्धारित औषधियां उपलब्ध कराने हेतु फार्मेसी अधिकारियों को अधिकृत किए जाने तथा चारधाम यात्रा ड्यूटी के लंबित देयकों के भुगतान एवं व्यवस्थाओं में सुधार शामिल हैं।

स्वास्थ्य मंत्री ने एसोसिएशन की मांगों को गंभीरता से सुना और संबंधित अधिकारियों के साथ बिंदुवार चर्चा की। संगठन की वर्ष 2009 के बाद नियुक्त फार्मासिस्टों को भी प्रथम एसीपी के रूप में प्रथम पदोन्नति के पद के समकक्ष वेतनमान का लाभ दिए जाने की मांग पर स्वास्थ्य मंत्री जी द्वारा स्वास्थ्य विभाग को भारत सरकार के सेवा संबंधी प्रकरणों का नियमानुसार परीक्षण कर सूचना उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य की विषम भौगोलिक परिस्थितियों को देखते राज्य सरकार की मंशा पर्वतीय एवं दुर्गम क्षेत्रों में ग्रामीण जनता को बेहत्तर से बेहत्तर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराना है। स्वास्थ्य उपकेन्द्रों में प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए फार्मेसी अधिकारी की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को स्वास्थ्य उपकेन्द्रों के लिए पूर्व में सृजित 391 फार्मेसी अधिकारी पदों के प्रस्ताव उपलब्ध कराने को कहा। प्रदेश में फार्मेसी प्रैक्टिस रेगुलेशन-2015 के प्रावधानों को लागू करने तथा चिकित्सकों की अनुपस्थिति में निर्धारित औषधियां उपलब्ध कराने हेतु फार्मेसी अधिकारियों को अधिकृत किए जाने को लेकर मंत्री जी द्वारा एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गये। महानिदेशक स्वास्थ्य ने बताया कि इस संबंध में समिति गठित कर ली गई हैंं।

चिकित्सा स्वास्थ्य मंत्री ने फार्मेसी अधिकारियों के विगत चारधाम यात्रा ड्यूटी के लंबित देयकों के भुगतान न किए जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए स्वास्थ्य विभाग को कार्यशैली में सुधार लाने के निर्देश देते हुए 15 दिन के भीतर सभी लम्बित देयकों का भुगतान करने के निर्देश दिये गये। उन्होंने कहा कि फार्मेसी अधिकारी स्वास्थ्य सेवाओं की महत्वपूर्ण कड़ी हैं और उनकी जायज समस्याओं का नियमानुसार समाधान सुनिश्चित किया जाए।

बैठक में कैबिनेट मंत्री सौरभ बहुगुणा, वित सचिव दिलीप जावलकर, चिकित्सा स्वास्थ्य सचिव विनय शंकर पाण्डेय, महानिदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य सुनीता टम्टा, अपर सचिव गंगा प्रसाद सहित अन्य संबंधित अधिकारी, डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

Back To Top