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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक पेड़ मां के नाम अभियान के अंतर्गत मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने अपनी पूज्य माता जी के नाम से पौधा रोपित किया*
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मुख्य सचिव की अध्यक्षता में जनपदीय विकास कार्यों की समीक्षा बैठक*
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मुख्यमंत्री ने 9.74 लाख लाभार्थियों को 176.59 करोड़ रूपये की पेंशन राशि हस्तांतरित की*
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मुख्यमंत्री ने ऋषिकेश स्थित ट्रांजिट कैंप का किया औचक निरीक्षण*
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कुछ वर्षों से बस्ती में क्यों आ रहे है जंगली जानवर

कुछ वर्षों से बस्ती में क्यों आ रहे है जंगली जानवर

आज से लगभग 20 साल पहले तक जंगली जानवर रात को जंगलों के आस पास बसे गांवों में ही आते थे लेकिन कुछ वर्षों से हाथी गुलदार जैसे जानवर गांव ही क्या शहर के बीच भी आने की खबरें मिल रही हैं।

भारत सरकार के पर्यावरण, वन एवं जलवायु मंत्रालय के आंकड़ों के अनुसार सन 2008 से 2023 के बीच इन 15 वर्षों में 3 लाख से भी अधिक वनभूमि का डाय वर्जन हुआ।

पिछले 5 सालों में देश के 33 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में सबसे अधिक 90 हजार हेक्टेयर वनभूमि सड़क और खनन के लिए प्रयोग में लाई गई।

लाखों हेक्टेयर वन भूमि पर पेड़ कटने के कारण जंगली जानवर रिहायशी इलाकों में आने लगे हैं,जिसके कारण मनुष्य और जंगली जानवरों के बीच संघर्ष शुरू हो गया है।

जंगलों में कमी आने के कारण जंगली जानवर भी कम हो रहे हैं,जो पर्यावरण के लिए अच्छे संकेत नहीं हैं।

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